हरियाणा के मुनीमपुर केंद्र में बरसाती पानी के स्टॉक से की जा रही है बागवानी की सिंचाई

    04-Jan-2026
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नई दिल्ली। नई दिल्ली।कृषि एवं बागवानी करने में पानी की कीमत बढ़ जाती है। जल संरक्षण के लिए हर संभव प्रयास किए जाते हैं। क्षेत्र में हरियाणा का पहला पुष्प एवं बीज उत्पादन तकनीकी उत्कृष्टता केंद्र मुनीमपुर गांव में है जिसमें बारिश की एक एक बूंद बचाकर पानी स्टॉक किया जा रहा है। हरियाणा सरकार के उद्यान विभाग की ओर से मुनीमपुर गांव में स्थापित किए गए केंद्र में इसके लिए 5 लाख लीटर बारिश स्टॉक करने के लिए टैंक बनाया है। जिसके लिए छत पर सफाई का विशेष ध्यान रखा जाता है।

टपका विधि से होती है सिचाई

छत के पानी को फिल्टर मीठे पानी से पौध तैयार की जाती है जबकि बागवानी के लिए तैयार पौध की टपका विधी से सिंचाई होती है। केंद्र में अलग से पानी का टैंक बनाया गया है। बड़े-बड़े फिल्टर लगाए हैं। छत को साफ रखा जाता है ताकि पानी को गंदगी से बचाया जा सके।

बरसाती पानी को अलग से स्टॉक

हाईटेक पोली हाउस के बरसाती पानी को अलग से स्टॉक कर सिंचाई के लिए रखा जाता है। मीठे पानी से विदेशी फूलों की पौध बनाई जा सके। इसके अतिरिक्त कुछ बरसाती पानी का अलग से स्टॉक किया जाता है।