करनाल।हरियाणा के पूर्व कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने कहा कि महाराणा प्रताप उद्यान विश्वविद्यालय करनाल के रईया अनुसंधान केंद्र क्षेत्र के साथ-साथ प्रदेश के बागवानी किसानों के सपनों को साकार करेगा। वह बुधवार को अनुसंधान केंद्र में आयोजित हवन के बाद किसानों को संबोधित कर रहे थे। धनखड़ ने कहा कि अनुसंधान केंद्र में बागवानी वैज्ञानिक अच्छी किस्म की पौध तैयार करेंगे और बागवानी किसानों को उपलब्ध कराएंगे। एनसीआर क्षेत्र को हम ताजा फल, सब्जी, फूल उपलब्ध कराने की ताकत रखते हैं। यह सालाना लगभग 40 हजार करोड़ रुपये की मार्केट है।
सजावटी पौधों की मार्केट उभर रही है
सजावटी पौधों की बड़ी मार्केट उभर रही है। मुनीमपुर में फूल एवं बीज उत्कृष्टता केंद्र क्षेत्र के किसानों के लिए फूलों की नई नई किस्में ईजाद कर रहा है। विशिष्ट अतिथि महाराणा प्रताप उद्यान विश्वविद्यालय करनाल के वीसी प्रो. सुरेश मल्होत्रा ने कहा कि रईया केंद्र अखिल भारतीय बागवानी अनुसंधान केंद्र से जुड़कर देश के मैप पर आ गया है। यह केंद्र अनुसंधान के क्षेत्र में विश्व के मैप पर अपनी पहचान स्थापित करेगा।