नई दिल्ली। कश्मीर घाटी में इस बार मौसम में बदलाव के कारण बागवानी से जुड़े कारोबार को बड़ा झटका दिया है। तापमान और बारिश की भारी कमी के कारण यहां की पौधे नर्सरियों का काम प्रभावित हो गया है। बताया जा रहा है कि घाटी में लगभग 100 करोड़ की नर्सरी इंडस्ट्री इस समय मुश्किल दौर से गुजर रही है।
नष्ट हो रहे है नर्सरी
कश्मीर में सेब, अखरोट और अन्य फलदार पौधों की नर्सरी बड़े पैमाने पर लगाई जाती है। हर साल फरवरी और मार्च के बीच किसान नए पौधे लगाकर अपने बागों का विस्तार करते हैं। लेकिन इस बार मौसम की मार के कारण किसान नए पौधे लगाने से बच रहे हैं, जिससे नर्सरी मालिकों की बिक्री में भारी गिरावट आई है।
सामान्य से ज्यादा दर्ज हुआ तापमान
मौसम विभाग के अनुसार घाटी में फरवरी के मध्य से दिन का तापमान 20 से 21 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जो इस समय के सामान्य तापमान से लगभग 11 डिग्री अधिक है। इतना ही नहीं, इस साल बारिश भी बहुत कम हुई है। मौसम विभाग के अनुसार फरवरी महीने में श्रीनगर में सिर्फ 5.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
सेब की बागवानी पर ज्यादा असर
सेब की बागवानी से कश्मीर की अर्थव्यवस्था जुड़ा हुआ है। घाटी के हजारों किसान सेब के बागों पर निर्भर हैं। हर साल किसान नए पौधे लगाकर अपने बागों को बढ़ाते हैं या पुराने पेड़ों की जगह नए पौधे लगाते हैं। लेकिन इस बार सूखी मिट्टी और बढ़ते तापमान के कारण किसान नई पौध लगाने से हिचक रहे हैं।