
नई दिल्ली। सर्दी का मौसम फूलों की खेती के लिए सबसे उपयुक्त महीना माना जाता है। जनवरी और फरवरी में फूलों को लगाया जाएगा तो यह अप्रैल और मई में तैयार होगा। अप्रैल और मई में फूलों की मांग भी बढ़ जाती है। आज किसान परंपरागत खेती को छोड़कर फूलों की खेती करने लगे है। जिससे उन्हें बेहतर कमाई हो रही है।
मार्च से फूलों की मांग बढ़ जाती है
मार्च और अप्रैल के महीने में फूलों की मांग तेजी से बढ़ती है। इस दौरान चैत की नवरात्रि भी रहती है और शादी ब्याह भी शुरू हो जाता है। पूजा-पाठ, मंदिरों और सजावट के लिए बड़ी मात्रा में फूलों की जरूरत होती है।
इन फूलों की खेती से मिलेगा ज्यादा फायदा
जनवरी और फरवरी में गेंदा, गुलाब, रजनीगंधा, गुलदाउदी और अलमंडा जैसे फूलों की खेती की जा सकती है। इन फूलों की बाजार में डिमांड लगातार बनी रहती है। फूलों की खेती में शुरुआती लागत अधिकतम करीब 20 हजार रुपये तक आती है, लेकिन सही देखभाल और सही समय पर बिक्री करने पर तीन महीने में लाखों रुपये तक की कमाई संभव है।