नई दिल्ली।बागवानी विभाग की ओर से राजकीय आलू प्रक्षेत्र, कसया में केला टिश्यू कल्चर लैब बनाया जाएगा। इसके निर्माण पर 467.28 लाख रुपये खर्च होंगे। राज्य स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक में इसके लिए अनुमति मिल चुकी है। विभाग के मुताबिक आगे की प्रकिया जारी है। इसके पूरा होते ही निर्माण के लिए कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।
केला उत्पादन करने वाले बगवानों को सहूलियत होगी
टिश्यू कल्चर लैब के निर्माण से केला उत्पादक किसानों को काफी सहूलियत होगी। इस लैब से किसानों को उन्नत किस्म के पौधे मिलेंगे। इसके साथ ही केले की खेती में होने वाली बीमारियों और कम उत्पादन की समस्या का भी स्थायी समाधान होगा। विभाग के मुताबिक अभी जिले में अनुमानित 16 हजार हेक्टेयर में केले की खेती की जा रही है।
लैब निर्माण से बागवानों की परेशानी होगी दूर
इसके बावजूद किसानों को केला के पौधों की उपलब्धता की कोई बेहतर व्यवस्था नहीं है। लैब के निर्माण से उनकी यह परेशानी दूर हो जाएगी। अभी किसान केले की खेती के लिए पुराने सकर्स पौधों की गांठों पर निर्भर हैं, जिससे पौधे में बीमारियां लगने और कम उत्पादन का खतरा बना रहता है।