बाड़मेर।राजस्थान के बाड़मेर जिले की तपती रेत और तेज धूप के बीच पहली बार ओरिएंटल लिली की खेती ने सबको चौंका दिया है। जहां अब तक खेजड़ी, बाजरा जैसी फसलें ही इस क्षेत्र की पहचान थी, वहीं अब रेगिस्तान की धरती पर खिले ये सुगंधित फूल दूर-दूर तक अपनी महक बिखेर रहे हैं। अब बाड़मेर शहर के मां सती दाक्षायणी मंदिर परिसर में ओरिएंटल लिली की खेती हो रही है।
कैसा फूल है ओरिएंटल लिली
ओरिएंटल लिली एक सजावटी और सुगंधित फूल है, जो खासतौर पर अपनी तेज, मीठी खुशबू और बड़े आकर्षक फूलों के लिए जाना जाता है। गुलाबी, सफेद और डबल शेड रंगों में खिलने वाला यह फूल आमतौर पर ठंडे और समशीतोष्ण जलवायु वाले क्षेत्रों में उगाया जाता है।
असंभव को संभव बनाया
ओरिएंटल लिली को राजस्थान के रेगिस्तानी क्षेत्र में उगाना आसान नहीं होता है। क्योंकि ओरिएंटल लिली को संतुलित तापमान 20 से 30डिग्री सेल्सियस पर उगाया जा सकता है। इसे उगाने के लिए अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी, आवश्यकता होती है।