बिहार के भोजपुर में होगी शाही लीची की बागवानी

    10-Mar-2026
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पटना।बिहार के मुजफ्फरपुर की पहचान शाही लीची को माना जाता है। अब प्रदेश के भोजपुर जिले में किसान नर्सरी में शाही लीची के पौधे तैयार किए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय किसान भी इस मशहूर फल की खेती कर सकते हैं। किसान नर्सरी के संचालक मुन्ना पाठक बताते हैं कि शाही लीची की खासियत इसका अनोखा स्वाद और मिठास है। उनका कहना है कि यह खास किस्म मुख्य रूप से मुजफ्फरपुर की पहचान है।

लगाने की प्रक्रिया बेहद आसान

शाही लीची ज्यादा मीठी होती है और इसका स्वाद बेहद खास होता है। जब फल पूरी तरह पक जाता है तो इसका स्वाद और भी बेहतर हो जाता है, जिससे लोग इसे काफी पसंद करते हैं। पौधा लगाने की बात करें तो उन्होंने बताया कि इसे लगाने की प्रक्रिया काफी आसान है। जिस तरह आम का पौधा लगाया जाता है, उसी तरह शाही लीची का पौधा भी लगाया जा सकता है।

छोटे किसानों को भी लाभ

यदि किसी के पास खेत नहीं है तो वह इसे गमले में भी लगा सकता है।हालांकि, लीची का पौधा आगे चलकर बड़ा पेड़ बन जाता है, इसलिए बागवानी या खेत में लगाना ज्यादा बेहतर रहता है। सही देखभाल और समय पर सिंचाई करने से पौधे अच्छी तरह बढ़ता है ।

लीची का पौधा लगभग 30 से 60 रुपये में उपलब्ध

नर्सरी में इस पौधे की कीमत भी काफी किफायती रखी गई है। मुन्ना पाठक के अनुसार यहां शाही लीची का पौधा लगभग 30 से 60 रुपये के बीच उपलब्ध है, जिससे छोटे किसान भी आसानी से इसे खरीदकर अपने खेतों में लगा सकते हैं।